ऋषिकेश, 18 मई। उत्तराखंड के ऋषिकेश में योग नगरी रेलवे स्टेशन के पास सोमवार देररात उज्जैन एक्सप्रेस के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए। हादसा खान गांव क्षेत्र में रात करीब 10 बजे हुआ। राहत की बात यह रही कि ट्रेन में कोई यात्री सवार नहीं था, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
बताया गया है कि रेलवे यार्ड में मेंटेनेंस के दौरान ट्रेन की संटिंग की जा रही थी। इसी दौरान तकनीकी खराबी अथवा ब्रेक फेल होने की आशंका जताई जा रही है। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। धमाके जैसी आवाज सुनकर आसपास के लोग घरों से बाहर निकल आए। कुछ ही देर में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल पर पहुंच गए।
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए जीआरपी और आरपीएफ की टीमों ने मोर्चा संभाला और लोगों को ट्रैक से हटाया। आनन-फानन में रेलवे और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ भारी पुलिस बल भी मौके पर पहुंचा। देर रात तक रेस्क्यू उपकरणों का इंतजार किया जाता रहा। रेलवे के अधिकारियों के अनुसार मंगलवार सुबह ट्रेन 6ः15 में रवाना होती है। अभी रवाना नहीं हुई है। रेस्टोलेशन का कार्य जारी है। मौके पर संबंधित अधिकारी मौजूद हैं।
आरपीएफ निरीक्षक सरोज कुमार ने बताया कि उज्जैनी गाड़ी की संटिंग के दौरान एक डिब्बा पटरी से उतर गया था। सूचना मिलते ही सुरक्षा टीम मौके पर पहुंच गई थी। हालांकि घटना को लेकर कई सवाल भी उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने ट्रेन की मूवमेंट, सुरक्षा मानकों और लोको पायलट की मौजूदगी को लेकर शंकाएं जताई हैं। लोगों का आरोप है कि हादसे के बाद अधिकारी स्पष्ट जानकारी देने से बचते नजर आए, जिससे संदेह और बढ़ गया। वहीं कुछ लोगों ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, डिब्बों के पटरी से उतरने के दौरान लोहे के टकराने की तेज आवाज दूर तक सुनाई दी। रात के सन्नाटे में हुए इस हादसे ने पूरे इलाके को दहला दिया। फिलहाल रेलवे विभाग मामले की जांच में जुटा है और हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।
